• AstroSage Big Horoscope
  • Year Book
  • Raj Yoga Reort
  • Shani Report

शुक्र का मिथुन राशि में गोचर (29 जून, 2019)

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार शुक्र को सभी नवग्रहों में बेहद शुभ ग्रह की उपाधि दी गयी है। शुक्र ग्रह विशेष रूप से वृषभ और तुला राशि का स्वामी है। इसके साथ इस ग्रह को मीन राशि में उच्च और कन्या राशि में निम्न प्रभाव वाला माना जाता है। कुंडली में शुक्र के प्रभाव से जातक को सांसारिक सुख और ऐश्वर्य प्राप्त होता है। इस ग्रह के प्रभाव में आने वाले जातक विशेष रूप से चित्रकारी, नृत्य, सिनेमा और रंगमंच आदि क्षेत्रों से संबंध रखते हैं। व्यक्ति की कुंडली में विशेष रूप से शुक्र की स्थिति उनके वैवाहिक जीवन की दशा भी तय करती है। आपका वैवाहिक जीवन कैसा बीतेगा ये विशेष रूप से आपकी राशि में शुक्र की स्थिति पर निर्भर करता है।

वैदिक ज्योतिष की मानें तो शुक्र ग्रह बहुत महत्वपूर्ण है क्योंकि ये जातक को भौतिक सुख प्रदान करता है। शुक्र ग्रह की उपासना विशेष रूप से शुक्रवार के दिन की जाती है। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार शुक्र दैत्यों के गुरु कहे जाते हैं। शुक्र के शुभ प्रभाव से व्यक्ति सांसारिक जीवन में समस्त सुख-साधनों को प्राप्त करता है। वहीं इसके अशुभ प्रभाव से मनुष्य में संस्कार हीनता, यौन जनित रोग तथा परिवार में बिखराव की स्थिति निर्मित होती है। शुक्र ग्रह की शांति के लिए इसकी उपासना शुक्ल पक्ष में आने वाले शुक्रवार से प्रारंभ करनी चाहिये। चूंकि शुक्र को विवाह का कारक भी कहा जाता है इसलिए अविवाहित जातकों को शुक्र की उपासना अवश्य करनी चाहिये।

पीड़ित शुक्र के महाउपाय - यहाँ क्लिक कर पढ़ें!

गोचर काल का समय

अब यही प्रेम, सौंदर्य, कला और भौतिक सुखों का कारक शुक्र ग्रह 23 जुलाई 2019, मंगलवार दोपहर 12:35 बजे तक इसी राशि में स्थित रहेगा। आईये जानते हैं कि शुक्र देव के इस गोचर का सभी बारह राशि के जातकों पर क्या प्रभाव पड़ने वाला है।

Click here to read in English...

यह राशिफल चंद्र राशि पर आधारित है। चंद्र राशि कैलकुलेटर से जानें अपनी चंद्र राशि

Shukra ka Mithun Me Gochar

मेष राशि

शुक्र के मिथुन राशि में गोचर के दौरान ये आपकी राशि से तीसरे भाव में स्थापित होंगें। इस गोचर के फलस्वरूप आप जीवन में नए रिश्ते की शुरुआत कर सकते हैं। वैसे लोग जो पहले से ही किसी रिश्ते में हैं उन्हें अपने पार्टनर से इस दौरान विशेष लाभ की प्राप्ति हो सकती है। पारिवारिक स्तर पर आप इस दौरान अपने भाई बहन के काम आएंगे जिससे कामकाज को लेकर उनका कार्यभार थोड़ा कम होगा। इसके अलावा गोचर की इस अवधि में आप परिवार के साथ आस पास की किसी जगह पर यात्रा के लिए जा सकते हैं। लिहाजा आपके लिए ये समय ख़ासा अच्छा व्यतीत होगा। इस दौरान आपका ज्यादातर समय किसी अच्छे काम को करने में बीतेगा जिससे आने वाले समय में आपको सुखद फल प्राप्त होगा। इस गोचर काल में आप स्वयं को सामाजिक स्तर पर उभारने का प्रयास करेंगे, इससे आपको भले ही लाभ ना मिलें लेकिन समाजिक स्तर पर आपके मान सम्मान में वृद्धि ज़रूर होगी। समग्र गणना के आधार पर देखें तो मेष राशि के जातकों के लिए शुक्र का ये गोचर फलदायी सिद्ध होगा।

उपाय: विशेष लाभ के लिए गाय को रोज़ चारा डालें।

वृषभ राशि

इस गोचर के दौरान शुक्र आपकी राशि से दूसरे भाव में गोचर करेंगे। शुक्र का ये गोचर आपके जीवन को पहले से ज्यादा समृद्ध बना सकता है। आर्थिक रूप से देखें तो इस गोचर काल के दौरान आप अच्छी ख़ासी बचत कर धन भी जमा करने में सफल रहेंगे। गोचर की इस अवधि के दौरान आपकी वाणी में मधुरता आएगी जिसके फलस्वरूप आप दूसरों को अपनी वाणी से प्रभावित करने में सफल रहेंगे। पारिवारिक स्तर पर देखें तो शुक्र के गोचर के दौरान आपके परिवार में कोई मांगलिक कार्य संपन्न हो सकता है। इसके अलावा यदि कोर्ट कचहरी से जुड़ा आपका कोई मामला चल रहा है तो, इस दौरान फैसला आपके पक्ष में आने की पूरी उम्मीद है। यदि आप शादीशुदा हैं तो इस गोचर काल में आपके जीवनसाथी की सेहत में गिरावट हो सकती है जिससे आपको मानसिक तनाव का सामना करना पड़ सकता है। लिहाजा इस दौरान आपको विशेष रूप से अपने जीवनसाथी की सेहत का ख़ास ख्याल रखने की आवश्यकता पड़ सकती है। जहाँ तक कार्यक्षेत्र की बात है तो, इस गोचर अवधि के दौरान कार्यस्थल पर आपको सामान्य परिणाम प्राप्त होंगें। वृषभ राशि के जातकों के लिए शुक्र का ये गोचर ख़ासा लाभकारी साबित होगा।

उपाय: विशेष लाभ के लिए ऊँगली उच्च कोटि का हीरा पहनें।

मिथुन राशि

चूँकि शुक्र का गोचर आपकी राशि में होगा, लिहाजा शुक्र आपकी राशि से पहले भाव यानी लग्न भाव में स्थापित होंगें। शुक्र का ये गोचर आपके व्यक्तित्व में विशेष निखार लाएगा जिस वजह से आप दूसरों के बीच आकर्षण का केंद्र बनेंगे। इस गोचर काल के दौरान आपके अंदर नई चीजों को सीखने की और ज्ञान प्राप्त करने की लालसा बढ़ेगी। इसके परिणाम स्वरूप आप नई बुलंदियों को छूने में कामयाब होंगें। इस दौरान आपको अपने अंदर छुपे कलात्मक गुणों को उभारने का विशेष अवसर प्राप्त होगा। इससे आपको मानसिक शांति भी मिलेगी और आपको खुशी की अनुभूति होगी। शुक्र के इस गोचर काल में आपको किसी व्यक्ति विशेष की या किसी विदेशी अनजान शख़्स की सलाह से लाभ मिल सकती है। प्रेम जीवन के आधार पर देखें तो इस गोचर का आपको लाभ मिल सकता है। इस दौरान आपके प्रेम संबंध में नयापन आएगा और आप दोनों के बीच रोमांस बढ़ेगा। कार्यक्षेत्र की बात करें तो, इस समय आप कार्यस्थल पर अपने काम को पूरे दिल से करेंगे जिसका लाभ आपको आने वाले समय में विशेष रूप से मिलेगा। कुल मिलाकर देखा जाए तो शुक्र का ये गोचर मिथुन राशि के जातकों के लिए मध्यम फलदायी साबित होगा।

उपाय: विशेष लाभ के लिए इस दौरान “ॐ द्रां द्रीं द्रौं सः शुक्राय नमः” मंत्र का उच्चारण करें।


अरंड मूल से बनाए शुक्र को बली-यहाँ क्लिक कर पढ़ें

कर्क राशि

शुक्र के मिथुन राशि में गोचर के दौरान ये आपकी राशि से बारहवें भाव में स्थापित होगा। गोचर की इस अवधि के दौरान आप विशेष रूप से भौतिक जीवन का लाभ उठा पाने में सफल रहेंगे। सुख सुविधाओं का आनंद लेने के लिए ये गोचर काल आपके लिए ख़ासा अहम रहेगा। हालाँकि इस अवधि के दौरान आपके ख़र्चों में वृद्धि हो सकती है। यदि आप किसी व्यापार से जुड़े हैं तो गोचर की इस अवधि के दौरान आपको विदेश यात्रा का लाभ प्राप्त हो सकता है। इसके साथ ही साथ पारिवारिक स्तर पर आप सदस्यों के साथ खुशनुमा पल व्यतीत कर पाएंगे और इस दौरान संभवतः आप परिवार वालों के साथ किसी यात्रा पर भी जा सकते हैं। शादी शुदा जातकों के लिए गोचर की ये अवधि विशेष रूप से फलदायी साबित होगी। इस दौरान आपके रिश्ते में रोमांस बढ़ेगा जिससे दोनों के बीच परस्पर प्रेम में वृद्धि होगी और आपको अपना विवाहित जीवन सुखमय प्रतीत होगा। इस गोचर काल में आपको मानसिक शांति की अनुभूति होगी और नींद अच्छी आएगी। इस गोचर के दौरान कार्यक्षेत्र में आप नौकरी बदलने का निर्णय भी ले सकते हैं, हालाँकि कोई भी महत्वपूर्ण कदम उठाने से पहले अच्छी तरह से सोच विचार ज़रूर कर लें। कुल मिलकर देखा जाए तो कर्क राशि वालों के लिए शुक्र का गोचर मध्यम फलदायी साबित होगा।

उपाय: विशेष लाभ प्राप्ति के लिए कन्याओं को हर शुक्रवार मिश्री खिलाएं।

सिंह राशि

शुक्र का गोचर आपकी राशि से ग्यारहवें भाव में होने वाला है। इस गोचर के दौरान यदि आप किसी भी क्षेत्र में प्रयास करते हैं तो उसमें आपको सफलता ज़रूर हासिल होगी। आपकी राशि में चन्द्रमा की ये स्थिति जीवन में सफलता का पर्याय बनेगा। इस दौरान आप सफलता की नई उड़ान भरेंगे और जीवन के हर क्षेत्र में अपने प्रयासों में सफल होंगें। गोचर की ये अवधि आपके जीवन में प्यार और रोमांस लेकर आएगा। लिहाजा इस समय आप अपने पार्टनर के साथ बेहद खुशगवार पल व्यतीत कर सकेंगे और दोनों के बीच एक अच्छा तालमेल भी स्थापित होगा। इस गोचर काल में आप सामाजिक रूप से भी काफी सक्रिय रहेंगे और अपने दोस्तों एवं करीबी रिश्तेदारों के संग किसी आयोजन में हिस्सा भी ले सकते हैं। आर्थिक रूप से देखें तो आपके लिए ये समय थोड़ा कठिन होगा लेकिन चिंता ना करें क्योंकि आपको अपने भाई बहनों से आर्थिक सहायता मिल सकती है। आप नयी चीजों को आज़माने से कभी पीछे नहीं हटते, इस गोचर काल के दौरान आप अपने कलात्मक कार्यों के जरिये असीम लाभ प्राप्त कर सकते हैं। सिंह राशि के जातकों के लिए ये गोचर सामान्य फलदायी साबित होगा।

उपाय: शुक्र के हानिकारक प्रभावों से बचने के लिए हर रोज़ मां दुर्गा की पूजा करें।

कन्या राशि

शुक्र के मिथुन राशि में गोचर के दौरान ये आपकी राशि से दसवें भाव में विराजमान होंगें। आपकी राशि में शुक्र की इस स्थिति से आपको कार्यस्थल पर कुछ बदलाव देखने को मिल सकते हैं। गोचर की इस अवधि के दौरान आप नौकरी बदल सकते हैं, यदि आप सरकारी कर्मचारी हैं तो इस दौरान आपका ट्रांसफर हो सकता है। जहाँ तक पारिवारिक जीवन की बात है तो आज, घर में शांति का वातावरण रहेगा और परिवार के सदस्यों के साथ आप एक अच्छा वक़्त व्यतीत कर पाएंगे। आर्थिक स्तर पार इस गोचर काल के दौरान आपके लिए किसी महिला मित्र का साथ ख़ासा लाभदायक साबित होगा। महिला मित्र से मिलने वाली ये सहायता आपको आर्थिक कठिनाइयों से उभारने में काफी मददगार सिद्ध होगी। गोचर की इस अवधि काल में कन्या राशि के जातकों को विशेष सलाह दी जाती है कि किसी भी स्थिति में गोचर काल के दौरान महिलाओं का अनादर ना करें बल्कि उनका सम्मान करें और उनके साथ मधुर संबंध रखें। आपके लिए शुक्र का ये गोचर मध्यम फलदायी साबित होगा।

उपाय: विशेष लाभ के लिए हर रोज़ माथे पर सफेद चंदन का तिलक लगाएँ।

तुला राशि

इस गोचर के दौरान शुक्र आपकी राशि से नवम भाव में स्थित होंगें। आपकी राशि में शुक्र की इस स्थिति से आपको मिलाजुला परिणाम मिलने वाला है। जहाँ एक तरफ आपको अचानक ही किसी विशेष लाभ की प्राप्ति होगी वहीं दूसरी तरफ पिता की सेहत बिगड़ने की वजह से मानसिक तनाव का शिकार भी होना पड़ सकता है। वैसे तो इस गोचरकाल में आप अपने पिता के प्रति समर्पित भाव रखेंगे और उनका हर कहा मानेंगे लेकिन इसके साथ ही साथ आपको उनकी सेहत का ध्यान रखने की भी आवश्यकता पड़ सकती है। शुक्र के गोचर की ये अवधि आपके लिए कार्यक्षेत्र में बड़ी तरक्की ला सकता है। इस दौरान आपको जीवन में कुछ ऐसा मिलेगा जिसकी आपने कभी कल्पना भी नहीं की होगी। पारिवारिक स्तर पर आपको भाई बहनों का साथ मिलेगा जिससे आपकी जिम्मेदारियों का बोझ कुछ कम ज़रूर होगा। इसके साथ ही इस दौरान आप किसी लंबी यात्रा पर भी जा सकते हैं जो आपके लिए लाभदायक साबित होगा। कुल मिलाकर देखें तो तुला राशि के जातकों के लिए ये गोचर जहाँ एक हाथ से लेगा तो दूसरे हाथ से देगा भी। कहने का अर्थ ये है कि आपको इस दौरान हानि के साथ ही लाभ भी मिलेगा।

उपाय: विशेष लाभ के लिए शुक्रवार को नहाने के बाद घर में शुक्र यंत्र स्थापित करें।

वृश्चिक राशि

इस गोचर के दौरान शुक्र की स्थिति आपकी राशि से आठवें भाव में होगी। शुक्र का ये गोचर आपके निजी जीवन पर हानिकारक प्रभाव डाल सकता है। इस दौरान आपकी शादीशुदा जिंदगी में मुसीबतें पैदा हो सकती है। जीवनसाथी के साथ किसी बात को लेकर बहस की स्थिति बन सकती है, आपके लिए बेहतर होगा कि इस समय उनके साथ विवाद की स्थिति से बचकर ही रहें। इस अवधि में वैवाहिक जीवन में उत्पन्न होने वाली समस्याएं आपके निजी जीवन के लिए बेहद हानिकारक साबित हो सकती हैं। इस अवधि के दौरान वृश्चिक राशि के पुरुष जातकों को विशेष सलाह दी जाती है कि वो महिलाओं का सम्मान करें और उनके साथ मधुर रिश्ता रखें। यदि कार्यक्षेत्र की बात करें तो गोचर की इस अवधि के दौरान आपको कार्यक्षेत्र में कुछ बाधाओं का सामना करना पड़ सकता है। कार्यस्थल पर आपका कोई सहकर्मी आपके काम का श्रेय खुद ले सकता है, जिससे काम को लेकर आपका मन खिन्न रहेगा। शुक्र के इस गोचर के दौरान आपको अपनी सेहत का ख़ास ध्यान रखने की आवश्यकता होगी। सेहत को लेकर चौकन्ना रहे क्योंकि थोड़ी सी भी लापरवाही आपके शारीरिक कष्ट का कारण बन सकती है। शादीशुदा जातकों को गोचर की इस अवधि के दौरान ससुराल के कुछ लोगों से मुलाकात करने का मौका मिल सकता है जिससे आपका दिन कुछ अच्छा बीतेगा।

उपाय: गोचर के विशेष लाभ के लिए शुक्रवार को चावल दान करें।

धनु राशि

शुक्र के मिथुन राशि में गोचर के दौरान ये आपकी राशि से सातवें भाव में स्थित होगा। आपकी राशि में शुक्र की इस स्थिति से आपको वैवाहिक जीवन में ख़ुशी की अनुभूति होगी। लिहाजा इस दौरान आपको अपने जीवनसाथी का भरपूर साथ मिलेगा और आप उनके साथ एक ख़ुशनुमा पल व्यतीत कर पाएंगे। हालांकि इस दौरान आप दोनों के बीच छोटी छोटी बातों को लेकर नोंक झोंक भी हो सकती है लेकिन इसके वाबजूद भी आप दोनों के बीच परस्पर प्यार बरक़रार रहेगा। गोचर की इस अवधि के दौरान आप अपने जीवनसाथी की किसी विशेष इच्छा को पूरा करने के लिए उनपर ज्यादा खर्च कर सकते हैं। सामाजिक स्तर पर इस गोचर काल में आपके व्यक्तित्व में सुधार होगा और आप ज्यादा से ज्यादा लोगों के संपर्क में आएंगे। इससे आपके सामाजिक दायरे में तो वृद्धि होगी ही साथ ही समाज में आपका मान सम्मान भी बढ़ेगा। यदि आप किसी व्यापार से जुड़े हैं तो आपके लिए गोचर की ये स्थिति बेहद प्रभावी साबित होगी, इस दौरान आपके व्यापार में वृद्धि होगी और अच्छा मुनाफा भी कमा पाएंगे। धनु राशि के जातकों के लिए शुक्र का ये गोचर मिलाजुला परिणाम देने वाला है।

उपाय: विशेष लाभ के लिए शुक्रवार को अरंद मूल पहनें।

मकर राशि

इस गोचर के दौरान शुक्र आपकी राशि से छठे भाव में स्थापित होंगें। गोचर की इस अवधि के दौरान कार्यक्षेत्र में आपको विशेष लाभ प्राप्त होगा। इस दौरान आप अपने काम में और भी ज्यादा निपुण होंगें, हालाँकि सफलता प्राप्त करने के लिए आपको कड़ी मेहनत करनी होगी। वैसे लोग जो जुआ और सट्टेबाजी में लिप्त हैं उन्हें गोचर की इस अवधि के दौरान इन कामों से लाभ मिल सकता है। हालांकि बाद में उन्हें अपने इन गलत कामों का नुक्सान भी उठाना पड़ेगा। इस दौरान शेयर मार्किट में किया जाने वाला निवेश भी काफी फलदायी सिद्ध होगा। आर्थिक रूप से देखें तो आपके लिए ये गोचर पुराने कर्ज को चुकाने का अच्छा समय लेकर आएगा। इस दौरान आप बैंक से लिए लोन या किसी से लिए उधार को चुका सकते हैं। लेकिन दूसरी तरफ इस अवधि में आपके ख़र्चों में भी वृद्धि हो सकती है। लिहाजा आपको विशेष रूप से अपने ख़र्चों पर काबू रखते हुए पैसों का तालमेल ठीक तरह से बनाकर चलने की जरुरत होगी। यदि आपके बच्चे हैं तो इस अवधि में आपका वैचारिक मतभेद उनके साथ हो सकता है। मकर राशि के जातकों के लिए शुक्र का ये गोचर सामान्य फलदायी रहेगा।

उपाय: विशेष लाभ के लिए इस मंत्र का उच्चारण करें- “ऊं शुः शुक्राय नमः।”

कुंभ राशि

शुक्र के मिथुन राशि में गोचर के दौरान ये आपकी राशि से पांचवें भाव में स्थापित होंगें। शुक्र का ये गोचर कुंभ राशि के जातकों के लिए विशेष फलदायी सिद्ध होगा। गोचर की इस अवधि के दौरान आप काफी प्रगतिशील रहेंगे और कार्यक्षेत्र में आपको विशेष रूप से लाभ प्राप्त होगा। इस दौरान आप कार्यक्षेत्र में बदलाव कर सकते हैं, लेकिन नौकरी बदलने से पहले ये जरूर सुनिश्चित कर लें कि आप जिस नई जगह ज्वाइन करने वाले हैं वो आपके पिछले कार्यक्षेत्र से अच्छा है ये बुरा। यदि आप किसी से प्यार करते हैं तो गोचर की इस अवधि के दौरान आपके प्रेम संबंध में प्रगाढ़ता आएगी। आप अपने पार्टनर के साथ इस दौरान अच्छा वक़्त गुजार पाएंगे। इस गोचरकाल के दौरान आप अपने पार्टनर के साथ किसी रोमांटिक जगह या शॉपिंग पर भी जा सकते हैं। यदि आप अपने पार्टनर के साथ शादी के बंधन में बंधना चाहते हैं तो, लव मैरिज के लिए ये गोचर सकारात्मक संकेत दे रहा है। आर्थिक स्तर पर देखें तो गोचर की इस अवधि के दौरान आपकी आय में वृद्धि हो सकती है और इसका लाभ आपके बच्चों को प्रत्यक्ष रूप से मिलेगा। इस राशि के छात्रों के लिए गोचर की ये अवधि खासतौर से लाभदायक साबित होगी। यदि आप प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रहे हैं तो इस दौरान आपको अच्छे परिणाम प्राप्त हो सकते हैं।

उपाय: विशेष लाभ के लिए ऊँगली में उत्तम कोटि का ओपल पहनें।

मीन राशि

गोचर की इस अवधि के दौरान शुक्र का गोचर आपकी राशि से चौथे भाव में होगा। इस गोचर के फलस्वरूप आपको निजी स्तर पर कई लाभ प्राप्त हो सकते हैं। जहाँ एक तरफ आपके निजी जीवन में आपको संतुलन का अनुभव होगा वहीं दूसरी तरफ पारिवारिक स्तर पर आपकी माता जी के सेहत में गिरावट आ सकती है। लिहाजा इस दौरान अपनी माता के स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखें और उन्हें किसी भी प्रकार के मानसिक तनाव का शिकार ना होने दें। हालाँकि इस गोचर काल के दौरान कार्यक्षेत्र में आपको कुछ ख़ुशी का अनुभव हो सकता है। इस दौरान कार्यस्थल पर आपके प्रदर्शन में वृद्धि होगी, जिससे आपके मान सम्मान में भी वृद्धि होगी और बॉस आपकी तारीफ करते नहीं थकेंगे। कार्यक्षेत्र में मिलने वाली इस अप्रत्याशित सफलता से आपको असीम ख़ुशी का अनुभव होगा और आप पहले से ज्यादा अच्छा प्रदर्शन कर पाएंगे। गोचर की इस अवधि में आर्थिक रूप से आप कुछ मुसीबतों का सामना कर सकते हैं। हालाँकि इस दौरान आपकी आर्थिक सहायता के लिए आपके दोस्त हमेशा आपके साथ खड़े नजर आएँगे। पारिवारिक स्तर पर इस दौरान आपको कोई सुखद समाचार प्राप्त हो सकता है जिससे परिवार में उत्सव का माहौल रहेगा। कुल मिलाकर देखें तो मीन राशि के जातकों के लिए गोचर की ये अवधि मध्यम फलदायी साबित होगी।

उपाय: विशेष लाभ के लिए गाय को रोटी खिलाएं।


रत्न, यंत्र समेत समस्त ज्योतिषीय समाधान के लिए विजिट करें: एस्ट्रोसेज ऑनलाइन शॉपिंग स्टोर

लेखक: इंदिरा

एस्ट्रोसेज मोबाइल पर सभी मोबाइल ऍप्स

एस्ट्रोसेज टीवी सब्सक्राइब

ज्योतिष पत्रिका

रत्न खरीदें

एस्ट्रोसेज डॉट कॉम सर्वश्रेष्ठ गुणवत्ता वाले रत्न, लैब सर्टिफिकेट के साथ बेचता है।

यन्त्र खरीदें

एस्ट्रोसेज डॉट कॉम के विश्वास के साथ यंत्र का लाभ उठाएँ।

फेंगशुई खरीदें

एस्ट्रोसेज पर पाएँ विश्वसनीय और चमत्कारिक फेंगशुई उत्पाद

रूद्राक्ष खरीदें

एस्ट्रोसेज डॉट कॉम से सर्वश्रेष्ठ गुणवत्ता वाले रुद्राक्ष, लैब सर्टिफिकेट के साथ प्राप्त करें।